प्रिय लायंस परिवार ,
“अंधेरे में मैं धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा था… चारों तरफ सन्नाटा था, लेकिन भीतर से एक आवाज़ आ रही थी
— अब समय आ गया है रोशनी का, दीप्ति का, सेवा का। और तभी मैंने देखा… हमारे शेरों की आँखों में चमकती हुई वह रोशनी।”
सितंबर का महीना योजनाओं से भरा रहा। हर जगह चर्चा थी, हर ओर संकल्प थे।
कोई स्वास्थ्य की सेवा की बात कर रहा था, कोई शिक्षा और युवा के लिए योजना बना रहा था।
कहीं भूखमुक्त समाज का सपना लिखा जा रहा था, तो कहीं पर्यावरण को बचाने की प्रतिज्ञा ली जा रही थी।
और सबसे खूबसूरत दृश्य था जब हर चर्चा में मानसिक स्वास्थ्य और कल्याण को बराबरी की जगह दी गई।
“मैंने देखा… जब क्लबों के सदस्य एक-दूसरे के विचार सुन रहे थे, तो वातावरण किसी त्यौहार की तैयारी जैसा था। हर Lion अपने दिल में सेवा का दिया जला रहा था।”
और मैं सोचने लगा – जब ये सारे दिए अक्टूबर सेवा सप्ताह में एक साथ जलेंगे, तो कैसी अद्भुत दीप्ति पूरे समाज में फैल जाएगी। अंधेरे का नामोनिशान मिट जाएगा और हर घर, हर दिल में सिर्फ आशा की रोशनी होगी।
🦁 हमारे ज़िले के शेर इस बार सेवा का पर्व मनाने जा रहे हैं DG Lion Manoj Babur के मंत्र के साथ – “CHALO – Creating Hope & Leadership Opportunities with Let’s Lead to Serve & Serve to Lead.”
“मैं शेरदूत, अपनी आँखों से यह दृश्य देखकर गर्व से कहता हूँ – अक्टूबर 2025 बनेगा सेवा का उत्सव, और हमारा ज़िला 3231A3 बनेगा एक सच्ची लायंस दीप्ति का प्रतीक।”
–– आपका अपना, शेरदूत

